मुंबई : जनवरी 2026 भारतीय शेयर बाजार के लिए ऐतिहासिक होने जा रहा है। नए साल की शुरुआत के साथ ही प्राइमरी मार्केट (IPO Market) में जबरदस्त हलचल देखी जा रही है। डिफेंस, आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) और रिन्यूएबल एनर्जी जैसे हाई-ग्रोथ सेक्टर्स की 8 दिग्गज कंपनियां बाजार से करीब 25,000 करोड़ रुपये जुटाने की तैयारी में हैं।
प्राइमरी मार्केट में ‘जनवरी धमाका’
साल 2025 में आईपीओ बाजार के शानदार प्रदर्शन के बाद, 2026 की शुरुआत भी धमाकेदार हो रही है। इस महीने आने वाले आईपीओ की खास बात यह है कि इनमें केवल पारंपरिक कंपनियां ही नहीं, बल्कि भविष्य की तकनीक जैसे AI और सामरिक महत्व वाले डिफेंस सेक्टर की कंपनियां भी शामिल हैं। निवेशकों के लिए यह पोर्टफोलियो डायवर्सिफाई करने का एक बड़ा मौका है।
प्रमुख कंपनियां और उनके इश्यू की जानकारी
- फ्रैक्चुअल एनालिटिक्स (Fractal Analytics): यह भारत का पहला प्योर-प्ले एआई (AI) आईपीओ होने जा रहा है। कंपनी करीब 4,900 करोड़ रुपये जुटाने की योजना बना रही है। इसमें 1,279 करोड़ का फ्रेश इश्यू और बाकी ऑफर फॉर सेल (OFS) होगा। एआई सेक्टर में बढ़ती दिलचस्पी को देखते हुए निवेशक इसकी लिस्टिंग का बेसब्री से इंतजार कर रहे हैं।
- एसएमपीपी लिमिटेड (SMPP Ltd): डिफेंस सेक्टर की यह दिग्गज कंपनी बुलेटप्रूफ जैकेट और सुरक्षा उपकरण बनाती है। सेबी से मंजूरी मिलने के बाद, कंपनी 4,000 करोड़ रुपये का आईपीओ ला रही है। डिफेंस सेक्टर में ‘आत्मनिर्भर भारत’ की लहर के बीच यह इश्यू काफी चर्चा में है।
- क्लीन मैक्स एनवायरो (Clean Max Enviro): रिन्यूएबल एनर्जी सेक्टर की यह कंपनी 5,200 करोड़ रुपये का बड़ा इश्यू लाने की तैयारी में है। ग्रीन एनर्जी की बढ़ती मांग के कारण संस्थागत निवेशकों (Institutional Investors) की इसमें गहरी रुचि है।
- हीरो फिनकॉर्प (Hero FinCorp): हीरो मोटोकॉर्प की यह फाइनेंशियल आर्म करीब 3,668 करोड़ रुपये जुटाएगी। यह पैसा कंपनी के टियर-1 कैपिटल बेस को मजबूत करने के लिए इस्तेमाल किया जाएगा।
- भारत कोकिंग कोल (BCCL): कोल इंडिया की यह सहायक कंपनी सार्वजनिक क्षेत्र (PSU) के विनिवेश का हिस्सा है। कंपनी ऑफर फॉर सेल के जरिए बाजार में अपनी हिस्सेदारी बेचेगी, जिससे सरकारी खजाने को मजबूती मिलेगी।
- प्रेस्टीज हॉस्पिटैलिटी वेंचर्स: रियल एस्टेट दिग्गज प्रेस्टीज ग्रुप की यह होटल यूनिट 2,700 करोड़ रुपये का आईपीओ लेकर आ रही है। टूरिज्म और हॉस्पिटैलिटी सेक्टर में सुधार का फायदा उठाने के लिए यह सही समय माना जा रहा है।
- ब्रिगेड होटल वेंचर्स: एक और हॉस्पिटैलिटी सेक्टर की कंपनी जो करीब 900 करोड़ रुपये जुटाने के लिए तैयार है।
- अवांस फाइनेंशियल सर्विसेज: एजुकेशन लोन सेक्टर की यह प्रमुख कंपनी भी जनवरी की पाइपलाइन में शामिल है, जो लगभग 3,500 करोड़ रुपये का इश्यू ला सकती है।
निवेशकों के लिए क्यों है यह खास?
- सेक्टर विविधता: एक ही महीने में आपको डिफेंस, एआई, कोल, फाइनेंस और हॉस्पिटैलिटी जैसे अलग-अलग क्षेत्रों में निवेश का मौका मिल रहा है।
- लिक्विडिटी: 25,000 करोड़ रुपये का निवेश बाजार में कैश फ्लो बढ़ाएगा, जिससे सेकेंडरी मार्केट में भी तेजी की उम्मीद है।
- भविष्य की तकनीक: पहली बार भारतीय रिटेल निवेशक सीधे तौर पर एक शुद्ध एआई कंपनी (Fractal) में निवेश कर पाएंगे।
विशेष नोट: विशेषज्ञों का मानना है कि पिछले साल की तेजी को देखते हुए इन आईपीओ को भारी सब्सक्रिप्शन मिल सकता है। हालांकि, निवेशकों को सलाह दी जाती है कि वे रेड हेरिंग प्रॉस्पेक्टस (DRHP) को ध्यान से पढ़ें और ग्रे मार्केट प्रीमियम (GMP) पर नजर रखने के साथ-साथ कंपनी के फंडामेंटल्स की जांच जरूर करें।
